Benefits of National Pension Scheme राष्ट्रीय पेंशन योजना के मुख्य उद्देश्य

Benefits of National Pension Scheme राष्ट्रीय पेंशन योजना के मुख्य उद्देश्य

GOVERNMENT OF INDIA
MINISTRY OF FINANCE
DEPARTMENT OF FINANCIAL SERVICES

LOK SABHA

UNSTARRED QUESTION NO. 3100
TO BE ANSWERED ON MARCH 15, 2021/PHALGUNA 24, 1942 (SAKA) 

NATIONAL PENSION SCHEME

3100. Shri Parbatbhai Savabhai Patel
          Shri Naranbhai Kachhadiya

Will the Minister of FINANCE be pleased to state:

(a) the main objective of National Pension Scheme;

(b) the age prescribed for availing the benefit of said scheme;

(c) whether all citizens of the country can avail benefit of the scheme or limited retired employees can avail the benefit of the scheme and if so, the details thereof; and

(d) whether this scheme has also been implemented in States and if so, the details of the services provided in Gujarat State so far?

ANSWER
The Minister of State (Finance) 

(Shri Anurag Singh Thakur)

NATIONAL PENSION SCHEME
(a) The National Pension System (NPS) was introduced by the Government of India to replace the defined benefit pension system. NPS was made mandatory for all new recruits to the Central Government service from 1st January, 2004, (except the armed forces in the first stage) and has also been rolled out for all citizens with effect from 1st May, 2009, on voluntary basis. The Government had made a conscious move to shift from the defined benefit, pay-as-you-go pension scheme to defined contribution pension scheme, NPS, due to rising and unsustainable pension bill. The transition aimed at freeing the limited resources of the Government for more productive and socio- economic sectoral development.

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(b) NPS is open for subscription to all citizens of India, resident as well as non-resident, aged between 18- 65 years. A person after retiring at the age of 60 years can also join NPS and contribute till the age of 65 years.

(c) All citizens of the country, resident as well as non resident, aged between 18-65 years can subscribe to NPS, and can avail the following benefits under NPS:

  • Contribution up to Rs. 1.50 lakhs made to the NPS Tier-I account is eligible for tax deduction under Section 80CCD (1) and Section 80CCE of the Income Tax Act, 1961. An additional tax rebate of Rs.50000/- is also allowed for contributions made to NPS Tier-I under Section 80CCD (1B) of the Income Tax Act, 1961. The contribution made by an employer to the Tier 1 account of an employee (up to 14% of the salary for Central Government and up to 10% of the salary in case of other employers) is also tax exempt under Section 80CCD (2) of the Income Tax Act, 1961 subject to a maximum of Rs. 7.50 lakhs under Section 17(2) (vii) of the Income Tax Act, 1961.
  • Deduction under Section 80C for contribution made to Tier II NPS account by Central Government employees for a fixed period of not less than three years, is allowed.
  • In accordance to Section 10(12A) of the Income Tax Act, 1961, the entire 60% amount withdrawn as lump sum is tax-free.
  • Partial withdrawal up to 25% of subscriber’s own contributions before attaining age of superannuation is allowed, subject to certain conditions.
  • Transparency and portability is ensured through online access of the pension account by the NPS subscribers, across all geographical locations and portability of employments.

(d) As of now all State Governments (except West Bengal) have notified NPS for their employees. Further, as reported by the Central Recordkeeping Agency (CRA), a total of 2,38,599 subscribers from the State Government of Gujarat have joined NPS as on 27.02.2021 and the total Assets Under Management (AUM) for the State Government of Gujarat are Rs.14,152.36 cr.

भारत सरकार
वित्त मंत्रालय
वित्तीय सेवाएं विभाग

लोक सभा

अतारांकित प्रश्न संखया 3100
जिसका उत्तर 15 मार्च, 2021/24 फाल्गुन, 1942 (शक) को दिया गया

राष्ट्रीय पेंशन योजना

3100. श्री परबतभाई सवाभाई पटेल
          श्री नारणभाई काछड़िया

क्या वित्त मंत्री यह बताने की कृपा करेंगे किः

(क) राष्ट्रीय पेंशन योजना के मुख्य उद्देश्य क्या हैं;

(ख) उक्त योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए निर्धारित आयु क्‍या है;

(ग) क्या देश के सभी नागरिक उक्त योजना का लाभ उठा सकते हैं या केवल सीमित सेवानिवृत्त कर्मचारी इस योजना का लाभ उठा सकते हैं तथा यदि हां, तो तत्संबंधी ब्यौरा क्या है; और

(घ) क्या यह योजना राज्यों में भी लागू की गई है और यदि हां, तो गुजरात राज्य में अब तक प्रदान की गई सेवाओं का ब्यौरा क्या है?


उत्तर
वित्त मंत्रालय में राज्य मंत्री 

(श्री अनुराग सिंह ठाकर)

(क): भारत सरकार ने निर्धारित लाभ पेंशन प्रणाली के स्थान पर राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (एनपीएस) की शुरूआत की थी। एनपीएस को 1 जनवरी, 2004 से केंद्र सरकार की सेवा में आने वाले सभी नए कर्मचारियों (प्रथम चरण में सशस्त्र बलों को छोड़कर) के लिए अनिवार्य किया गया था और इसे स्वैच्छिक आधार पर 1 मई, 2009 से सभी नागरिकों के लिए भी लागू किया गया है। सरकार ने बढ़ते और गैर-संपोषणीय पेंशन बिल के कारण निर्धारित त्राभ, पे-ऐज-यू-गो पेंशन योजना के स्थान पर निर्धारित अंशदान पेंशन योजना (एनपीएस) को अपनाने का सुविचारित निर्णय लिया है। इस परिवर्तन का उद्देश्य सरकार के सीमित संसाधनों को अधिक उत्पादनकारी और सामाजिक आर्थिक क्षेत्र के विकास के लिए मुक्त करना है।

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(ख): एनपीएस भारत के सभी नागरिकों, भारत में निवास करने वाले और प्रवासी दोनों, जिनकी आयु 18 से 65 वर्ष के बीच है, के लिए अभिदान के लिए खुली है। कोई व्यक्ति 60 वर्ष की आयु में सेवानिवृत्त होने के उपरांत भी एनपीएस में शामिल हो सकता है और 65 वर्ष की आयु तक अंशदान कर सकता है।

(ग): देश के नागरिक, भारत में निवास करने वाले और प्रवासी दोनों, जिनकी आयु 18 से 65 वर्ष के बीच है एनपीएस में शामित्र हो सकते हैं और एनपीएस के अंतर्गत निम्नलिखित लाभ उठा सकते हैं:
  • एनपीएस टियर-। खाते में प्रति वर्ष 1.5 लाख रुपए तक अंशदान आयकार अधिनियम, 1961 की धारा 80 सीसीडी(1) और धारा 80 सीसीई के तहत कटोती योगय है। एनपीएस टियर-। में आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 80 सीसीडी(1बी) के अंतर्गत 50,000 रुपए की सीमा तक अतिरिक्त कर कटौती (रिबेट) की भी अनुमति दी गयी है। किसी नियोक्ता के द्वारा किसी कर्मचारी के टियर-। खाते में किए गए अंशदान (केंद्र सरकार के लिए वेतन के 14% तक और अन्य नियोक्ताओं के मामले में वेतन के 10% तक) के लिए भी आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 80 सीसीडी(2) के अंतर्गत आयकार से छूट प्राप्त है, जो आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 17(2)(शों) के तहत अधिकतम 7.50 लाख रुपए के अध्यधीन है।
  • केंद्र सरकार के कर्मचारियों द्वारा एनपीएस टियर-॥ खाते के अंतर्गत किए गए अंशदान के लिए धारा 80 सी के तहत कटौती की अनुमति है बशर्ते कि इसकी निर्धारित अवधि 3 वर्ष से कम न हो।
  • आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 12(क) के अनुसार, एकमुश्त आहरित संपूर्ण 60% की राशि कर मुक्त है।
  • कुछेक शर्तों के अध्यधीन अधिवर्षिता की आयु प्राप्त करने से पूर्व अभिदाता के स्वयं के अंशदान के 25% तक आंशिक आहरण की अनुमति दी गई है।
  • सभी भौगोलिक अवस्थितियों में और रोजगार सुवाहयता (पोर्टबिलिटी) को ध्यान में रखते हुए एनपीएस अभिदाताओं को पेंशन खातों की ऑनलाइन पहुँच उपलब्ध कराकर पारदर्शिता और सुवाहयता (पोर्टबिलिटी) सुनिश्चित की गयी है।
(घ): आज की स्थिति के अनुसार सभी राज्य सरकारों (पश्चिम बंगाल को छोड़कर) ने अपने कर्मचारियों के लिए एनपीएस को अधिसूचित किया है। इसके अलावा, केंद्रीय रिकार्ड कीपिंग एजेंसी (सीआरए) द्वारा सूचित किए गए अनुसार, दिनांक 27.2.2021 तक गुजरात राज्य सरकार के कुल 2,38,599 अभिदाता एनपीएस में शामिल हुए हैं और गुजरात राज्य सरकार की कुल 14,152.36 करोड़ रुपए की आस्तियां प्रबंधनाधीन (एयूएम) हैं।

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